कई बार, बिल्डर बिना ओसी दिये ही ग्राहको को फ्लैट दे देते है और उनसे मेनेटेंस चार्जेस भी लेना शुरु कर देते है, लेकिन अब बिल्डरो के लिए ऐसा कर पाना आसान नहीं होगा। महाराष्ट्र रियल एस्टेट नियामक प्राधिकरण (महारेरा) ने बिल्डरों के खिलाफ आदेश जारी किया है की कोई भी बिल्डर जिन्होने ओसी नहीं दिया है वो ग्राहको से मेनेंटेस च्र्जेस नहीं ले सकते है।
क्या है मामला
2010 में, तुषार शेट्टी ने नवी मुंबई में घर खरीदा जो भूपेश बाबू नामक बिल्डर से संबंधित था। समझौते के अनुसार, शेट्टी को 2014 में फ्लैट मिलना था, लेकिन शेट्टी को फ्लैट नहीं मिला और बिल्डर ने उससे रखरखाव शुल्क लेना शुरु कर दिया। शेट्टी ने फिर बिल्डर को बताया कि वह उसी तरह भुगतान नहीं करेगा क्योंकि इमारत को अभी तक ओसी नहीं मिला है।
मामला जब महारेरा के पास गया तो महारेरा ने बिल्डर को आदेश दिया की जब तक बिल्डर ओसी प्राप्त होने तक रखरखाव शुल्क की मांग नहीं कर सकता है। बिल्डर को शेट्टी की फ्लैट चाबियाँ सौंपने के लिए कहा गया है और बिल्डर से जून 2018 तक ओसी की औपचारिकताओं को पूरा करने के लिए कहा है।